December 1, 2019 Team 0Comment

केंद्र में सत्तारूढ़ मोदी सरकार द्वारा कुछ वक्त पहले जम्मू कश्मीर से अ’नुच्छे’द 370 नि’रस्त कर दिया गया है। जिसके बाद से क’श्मी’र में हालात सामान्य करने के लिए सरकार पु’रजो’र कोशिश में जुटी हुई है। आपको बता दें कि अब क’श्मी’री छात्रों से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आ रही है।
खबर के मुताबिक, उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पढ़ने वाले क’श्मी’री छा’त्रों ने अपने शिक्षण संस्थानों पर आरोप लगाया है कि उनके कॉलेजों में देरी से फीस जमा करने पर शु’ल्क लिया गया है।

साथ ही इन कश्मीरी छात्रों ने यह आरोप लगाया है कि अनुच्छेद 370 निर’स्त किए जाने के बाद सत्र जब वापस अपने कॉलेज में आए तो उन पर अटेंडेंस कम होने के चलते भी जु’र्मा’ना लगाया गया। जिसे भरने में वह सक्षम नहीं हो पा रहे हैं ऐसे में उनके संस्थान द्वारा परीक्षा में नहीं बैठने दिया जाएगा। वहीं कॉलेज प्रबंधन ने बताया है कि लेट फीस एक ऐसा मा’नदं’ड है जो हमेशा लागू होता है और यह सभी से ही लिया जाता है।

Kashmiri
Photo by Sumit/karehop via Getty Images

इस मामले में देहरादून के कई कॉलेजों में पढ़ने वाले कई क’श्मी’री छात्रों ने आरोप लगाया है कि उनके कॉलेजों ने उनसे लेट फीस वसूल की और उन पर कम अटेंडेंस के लिए जु’र्मा’ना लगाया, क्योंकि वे धारा 370 के निर’स्त होने के बाद घा’टी में बं’द होने के कारण अपने शैक्षणिक कार्यक्रम में शामिल नहीं हो पाए थे।

देहरादून में बढ़ते हैं इन कश्मीरी छात्रों ने बताया है कि उनसे 5 हजार से लेकर 12 हजार तक की राशि ली जा रही है। जिसे चुका पाने में वह सक्षम नहीं है। उन्होंने अपनी चिं’ता जाहिर करते हुए कहा कि संस्थानों के प्रशासन से संपर्क किया गया था। लेकिन उनके द्वारा उन्हें जु’र्मा’ना अदा करने को भी कहा जा रहा है और जु’र्मा’ना ना चुका पाने की स्थिति में उन्हें एग्जाम के लिए नहीं बिठाया जाएगा।

Kashmiri S
Photo by Sumit/karehop via Getty Images

जम्मू-कश्मीर स्टूडेंट्स एसोसिएशन के प्रवक्ता नासिर खुहामी ने दावा किया कि देहरादून में 300 से अधिक क’श्मी’री छात्र हैं। जिन्हें कॉलेजों द्वारा लेट फीस और कम उपस्थिति का जु’र्मा’ना देने के लिए कहा जा रहा है। खुहामी ने कहा, एसोसिएशन ने उत्तराखंड सरकार से भी आग्रह किया है उन की सम’स्या’ओं को जल्द ह’ल किया जाए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *